ना तेरे लबों से छुई
ना मेरे माथे को लगी
अब के सावन भी प्यासी
तेरे मेरे इश्क़ की जमीं🍂।।
Enjoy Every Movement of life!
ना तेरे लबों से छुई
ना मेरे माथे को लगी
अब के सावन भी प्यासी
तेरे मेरे इश्क़ की जमीं🍂।।

mere dil vich kade us kamli da ghar c
jo ajh gairaa diyaa kothiyaa vich rehndi e
ਮੇਰੇ ਦਿਲ ਵਿੱਚ ਕੱਦੇ ਓਸ ਕਮਲੀ ਦਾ ਘਰ ਸੀ
ਜੋ ਅੱਜ ਗੇਰਾ ਦੀਆ ਕੋਠੀਆ ਵਿੱਚ ਰਹਿੰਦੀ ਏ