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तेरी खुबसुरती ब्यां नहीं कर सकता! || teri hasi hindi love

तेरी हंसी मुरझाऐ फुलों को भी फिर से खिला दे,
जब झपकाऐ तु पलकें तो ,सुरज को भी ग्रहण लगा दे,
चाल तेरी ऐसी जैसे लहराती हो पीपल की डाल कोई,
और जब खुली हों तेरी जुल्फें तो काली घटा झा जाऐ!
बोल तेरे ऐसे जैसे जलेबी से चासनी टपक जाऐ,
क्या लिखुं तेरी खुबसुरती को तु है गणित का सवाल कोई!

Title: तेरी खुबसुरती ब्यां नहीं कर सकता! || teri hasi hindi love

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


पेड़ों के महत्व पर कविता || Hindi poetry

अंकुर मिट्टी में सोया था सपने मै खोया था
नन्हा बीज हवा ने लाकर एक जगह बोया था।

तभी बीज ने ली अंगड़ाई देह जरा सी पाई
आंख खोलकर बाहर आया, दुनिया पड़ी दिखाई

खाद्य मिली पानी भी पाया ऐसे जीवन आया
ऊपर बड़ा इधर, धरती में नीचे उधर समाया।

तने डालिया पत्ते आए और फल मुस्कराए
नन्हा बीज वृक्ष बनकर धरती पर लहराए।

जीता मरता रोगी होता दुख आने पर सोता
वृक्ष सांस लेता बढ़ता है जगता है फिर सोता।

रोज शाम को चिड़िया आती सारी रात बिताती
बड़े सवेरे जाग वृक्ष, पर ची ची ची ची गाती।

छाया आती बड़ी सुआती सब टोली झूट जाती
तरह तरह के खेल वर्क्ष के नीचे बैठ रचती।

Title: पेड़ों के महत्व पर कविता || Hindi poetry


Tere Bulla De Kol Aa Ke Sukk Jaava || true love punjbai shayari

Dil Karda Ae Tere Kol Aa Ke Ruk Jaava,
Teri Bukkal Wich Rakh Ke Sir Muk Jaava.
Hanju Ban Ke Digga Teriya Aakhaa Da,
Tere Bulla De Kol Aa Ke Sukk Jaava

Title: Tere Bulla De Kol Aa Ke Sukk Jaava || true love punjbai shayari