मां की कहानी थी परीयों का फसाना था, …
गाँव के हर कोने मे अपना ठिकाना था |
वो तो उम्रो ने छीन लिया चेहरे की मुस्कुराहट
वरना वो बचपन कितना सुहाना था |
मां की कहानी थी परीयों का फसाना था, …
गाँव के हर कोने मे अपना ठिकाना था |
वो तो उम्रो ने छीन लिया चेहरे की मुस्कुराहट
वरना वो बचपन कितना सुहाना था |
तुझें कुछ भी न करना हैं,
मुझको दिवाना बनाने के लिए,
तेरी ये आंखों का काजल ही काफी है,
मेरी धड़कनों को बढ़ाने के लिए….
पाया तुझें तो सपने भी सच लगने लगे,
तुम अज़नबी से आज मेंरे अपने लगने लगे,
होता नहीं यकीन अपने खुद के किस्मत पर,
तुम मेरी धड़कन में कुछ इस तरह बसने लगे..
aajh suk gye ne khoo aakhiyaan de
bald(bull) v russe,
tindaan hun chalan kinjh
ni teriyaan yaadan de boote suk jaange
ehna nu main sainju kinjh
ਅੱਜ ਸੁੱਕ ਗਏ ਨੇ ਖੂਹ ਅੱਖੀਆਂ ਦੇ
ਬਲਦ ਵੀ ਰੁਸੇ
ਟਿੰਢਾਂ ਹੁਣ ਚੱਲਣ ਕਿੰਝ
ਨੀ ਤੇਰੀਆਂ ਯਾਦਾਂ ਦੇ ਬੂਟੇ ਸੁੱਕ ਜਾਣਗੇ
ਇਹਨਾਂ ਨੂੰ ਮੈਂ ਸੇਂਜ਼ੂ ਕਿੰਝ