मायूसी से भरी सुबह्य
बैचैनी मैं शाम होगी
मुस्कुराना छोड़ कर इक गुम सूम सी जान होगी
आगे बढ़ने के चक्कर मैं कितना सारा छोड़ आए हम
अब तन्हा अच्छा लगता है लगता है बड़े हो गए हम।💯
Enjoy Every Movement of life!
मायूसी से भरी सुबह्य
बैचैनी मैं शाम होगी
मुस्कुराना छोड़ कर इक गुम सूम सी जान होगी
आगे बढ़ने के चक्कर मैं कितना सारा छोड़ आए हम
अब तन्हा अच्छा लगता है लगता है बड़े हो गए हम।💯
यह तेरा दिल ह या
कोई सवाल
मुझे अच्छा लगता ह
उसे ज्यादा चुबता ह
भाई प्यार से होना वो अलग ही दिखता ह
Jdo Tak Khud Utte Na Bitte,
Odo Tak Lokka Nu,
Dujjeya Da Dard Mahsoos Hi
Nahi Hunda
jimmy✍🏻