मेरी किस्मत के हीरों का तुम एक ताज
बन जाओ
कल की बात छोडो तुम मेरा आज बन
जाओ
मैं तो रोज करता हूं, मोहब्बत डूब कर
तुमसे
अब मेरी इक बात मानो बस, तुम मेरे
हमराज़ बन जाओ
मेरी किस्मत के हीरों का तुम एक ताज
बन जाओ
कल की बात छोडो तुम मेरा आज बन
जाओ
मैं तो रोज करता हूं, मोहब्बत डूब कर
तुमसे
अब मेरी इक बात मानो बस, तुम मेरे
हमराज़ बन जाओ
उलझनें है बहुत
सुलझा लिया करता हूँ
फोटो खिंचवाते वक्त मैं अक्सर
मुस्कुरा दिया करता हूँ…!
क्यों नुमाइश करू मैं अपने
माथे पर शिकन की
मैं अक्सर मुस्कुरा के
इन्हें मिटा दिया करता हूँ
क्योंकि
जब लड़ना है खुद को खुद ही से……!
तो हार और जीत में कोई फर्क नहीं रखता हूं….!
हारूं या जीतूं कोई रंज नहीं
कभी खुद को जिता देता हूँ
कभी खुद ही जीत जाया करता हूं
इसलिए भी मुस्कुरा दिया करता हूँ..
😇✍️
Ohh aaj kal kuj vakhra jiha rutba rakhde ne saade naal,
Pehlan jehde kade saara-saara din gal kar ke nhi c thak de,
Hun vakh hon lain busy hon de bahne rakhde ne saade naal…
ਰੋਹਿਤ…✍🏻