
Pathra ton rakh layi c aas mein pyara di,,
Kaudiyan de mull viki zindagi hazara di..!!
ਪੱਥਰਾਂ ਤੋਂ ਰੱਖ ਲਈ ਸੀ ਆਸ ਮੈਂ ਪਿਆਰਾਂ ਦੀ,,
ਕੌਡੀਆਂ ਦੇ ਮੁੱਲ ਵਿਕੀ ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਹਜ਼ਾਰਾਂ ਦੀ..!!
है वो मेरी मोहब्बत की रूह, इसलिए पास मेरे वो रहती है..
मुझे पागल समझेगी ये दुनिया, तभी वो कुछ ना कहती है..
सुबह उठे साथ में वो मेरे, शाम आंखों के साथ वो ढलती है..
वो जी ना सकी जो साथ मेरे, तो मरके साथ में चलती है..
राहें तो बदल गयीं उसकी मगर, राहौं से मुडी वो रहती है..
मेरी रूह से जुडना है हक उसका, तभी साथ जुडी वो रहती है..
हर खुशी बांटती है मेरी, हर गम मेरे संग सहती है..
मुझे वो लगती है अपनी, और मुझे वो अपना कहती है….