Dil ki baate dil me hi reh gyi
Mulaaqaat na hui harr baat adhoori reh gyi..💔
दिल की बातें दिल में ही रह गई
मुलाक़ात न हुई हर बात अधूरी रह गई।। 💔
Dil ki baate dil me hi reh gyi
Mulaaqaat na hui harr baat adhoori reh gyi..💔
दिल की बातें दिल में ही रह गई
मुलाक़ात न हुई हर बात अधूरी रह गई।। 💔
Kali raate shikhar hanera
khamoshi da pehra e
teri yaad mere hanjhu
ina da rishta gehra hai
काली राते शिखर हनेरा
खामोशी दा पहरा ऐ
तेरी याद मेरे हंजू
इना दा रिश्ता गहरा ऐ
काश,जिंदगी सचमुच किताब होती
पढ़ सकता मैं कि आगे क्या होगा?
क्या पाऊँगा मैं और क्या दिल खोयेगा?
कब थोड़ी खुशी मिलेगी, कब दिल रोयेगा?
काश जिदंगी सचमुच किताब होती,
फाड़ सकता मैं उन लम्हों को
जिन्होने मुझे रुलाया है..
जोड़ता कुछ पन्ने जिनकी यादों ने मुझे हँसाया है…
खोया और कितना पाया है?
हिसाब तो लगा पाता कितना
काश जिदंगी सचमुच किताब होती,
वक्त से आँखें चुराकर पीछे चला जाता..
टूटे सपनों को फिर से अरमानों से सजाता
कुछ पल के लिये मैं भी मुस्कुराता,
काश, जिदंगी सचमुच किताब होती।