Skip to content

sari zind tere naawe true lover

  • by

True love punjabi shayari || Ainiyan v beparwahiyaan teriyaan theek nahi vekh me sari zind likhwai baitha haan tere naawe

Title: sari zind tere naawe true lover

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


Apni Marzi se aye thye || Hindi shayari

Hamari zindagi me wo apni marzi se aaye the
Aur gaye bhi hai apni marzi se
is daur me hamne toh bas ek matr khilaune
ka kirdaar nibhayia tha, kyuki marzi to
kewal khilauno par hi ki jaati hai

हमारी जिंदगी में वो अपनी मरज़ी से आए थे
और गए भी हैं अपनी मरज़ी से,
इस दौर में हमने तो बस एक मात्र खिलौने
का किरदार निभाया था, क्योंकि मरज़ी तो
केवल खिलौनो पर ही की जाती है

Title: Apni Marzi se aye thye || Hindi shayari


Ek aurat || hindi poetry

👧 *बाँझपन एक कलंक क्यों ???*👧

एक औरत माँ बने तो जीवन सार्थक
अगर माँ न बने तो जीवन ही निरथर्क,
किसने कहा है ये, कहाँ लिखा है ये,
कलंकित बोल-बोल जीवन बनाते नरक।

बाँझ बोलकर हर कोई चिढ़ाते,
शगुन-अपशगुन की बात समझाते।
बंजर ज़मीं का नाम दिया है मुझे,
पीछे क्या, सामने ही मेरा मज़ाक़ उड़ाते।

ममत्व का पाठ मैं भी जानती,
हर बच्चे को अपना मानती,
कोख़ से जन्म दूँ, ज़रूरी नहीं,
लहू का रंग मैं भी पहचानती।

आँचल में मेरे है प्यार भरा,
ममता की मूरत हूँ देख ज़रा,
क़द्र जानूँ मैं बच्चों की,
नज़र से मुझे ज़माने न गिरा।

कलंक नहीं हूँ इतना ज़रा बता दूँ,
समाज को एक नया पाठ सीखा दूँ,
बच्चा न जन्म दे सकी तो क्या,
समाज पे बराबर का हक़ मैं जता दूँ।
समाज पे बराबर का हक़ मैं जता दूँ।

Title: Ek aurat || hindi poetry