मुर्शिद आज चराग़-ए-ग़म जलाऊँगा मैं
आज रात भर रात का दिल दुखाऊँगा मैं
आज किताब-ए-मुहब्बत के साथ साथ
तेरी निशानियों को भी आग लगाऊँगा मैं
ऐ सितमगर एहतियात-ए-हिजाब करना
अब फ़क़त तुझपे ही क़लम उठाऊँगा मैं
मुर्शिद आज चराग़-ए-ग़म जलाऊँगा मैं
आज रात भर रात का दिल दुखाऊँगा मैं
आज किताब-ए-मुहब्बत के साथ साथ
तेरी निशानियों को भी आग लगाऊँगा मैं
ऐ सितमगर एहतियात-ए-हिजाब करना
अब फ़क़त तुझपे ही क़लम उठाऊँगा मैं

Foolon sa khoobsurat chehra hai aapka 🥀
Har dil diwana hai aapka 💕
Log kehte hai chand ka tukda hai aap 🥰
Lekin hum kehte hain chand tukda hai aapka…😍
फूलों सा खूबसूरत चेहरा हैं आपका,🥀
हर दिल दिवाना है आपका,💕
लोग कहते है चाँद का टुकडा है आप,🥰
लेकिन हम कहते है चाँद टुकडा है आपका…😍