मुर्शिद आज चराग़-ए-ग़म जलाऊँगा मैं
आज रात भर रात का दिल दुखाऊँगा मैं
आज किताब-ए-मुहब्बत के साथ साथ
तेरी निशानियों को भी आग लगाऊँगा मैं
ऐ सितमगर एहतियात-ए-हिजाब करना
अब फ़क़त तुझपे ही क़लम उठाऊँगा मैं
मुर्शिद आज चराग़-ए-ग़म जलाऊँगा मैं
आज रात भर रात का दिल दुखाऊँगा मैं
आज किताब-ए-मुहब्बत के साथ साथ
तेरी निशानियों को भी आग लगाऊँगा मैं
ऐ सितमगर एहतियात-ए-हिजाब करना
अब फ़क़त तुझपे ही क़लम उठाऊँगा मैं
“No one gets love from love in life, no one gets dearer than love in life.Take care of what you have, because once lost, love is never found again.”
Koi Achhi Si Saza Do Muje,
Chalo Aisa Karo Rula Do Mujhe,
Dil Dukhaya Ho To Maut Aa Jaye Mujhe,
Dil Ki Gehrai Se Ye Dua Do Mujhe…
कोई अच्छी सी सज़ा दो मुझे,
चलो ऐसा करो रुला दो मुझे,
दिल दुखाया हो तो मौत आ जाए
मुझे,
दिल की गहराई से ये दुआ दो मुझे…