akele hai hum|alone and sad shayari
Akele the hum..
Akele hai hum..
Akele hi reh jayenge..!!

आओ सुनाओ अपने जीवन की कथा
नाम है पेड़ दूर करता हूं सब की व्यथा
कितना विशाल कितना घना हूं
फल और फूलों से लदा हूं
मेरी ही छाया में आकर
तुम अपनी थकान मिटाते हो
मीठे फल और सुंदर फूल
तुम मुझसे ही ले जाते हो
दूषित हवा तुम मुझको देकर
खुद प्राणवायु मुझसे पाते हो
अपने ही जीवन के आधार पर
तुम कुल्हाड़ी जब बरसाते हो
मुझसे ही मेरा सब कुछ लेकर
तुम दर्द मुझे दे जाते हो
देता हूं बारिश का पानी
हरियाली मुझसे पाते हो
करता हूं इतने उपकार
फिर भी सहता तुम्हारे अत्याचार
Kade kise di bewasi da mzak Na udao dosto,
Je zindagi mauka dewe ta ohi zindagi dhokha vi dindi hai🙌
ਕਦੇ ਕਿਸੇ ਦੀ ਬੇਵਸੀ ਦਾ ਮਜ਼ਾਕ ਨਾ ਉਡਾਓ ਦੋਸਤੋ,
ਜੇ ਜਿੰਦਗੀ ਮੌਕਾ ਦੇਵੇ ਤਾਂ ਉਹੀ ਜਿੰਦਗੀ ਧੋਖਾ ਵੀ ਦਿੰਦੀ ਹੈ🙌