बातों ही बातों में उसकी
एक बात निकल जाती है
खबर नहीं कि कब उसकी
याद में रात निकल जाती है
मेरी मोहब्बत कहने से पहले
उसकी औकात निकल जाती है
बातों ही बातों में उसकी
एक बात निकल जाती है
खबर नहीं कि कब उसकी
याद में रात निकल जाती है
मेरी मोहब्बत कहने से पहले
उसकी औकात निकल जाती है
Ham toh nadaan parinde he sahib
aasmaan me udhna jante hai
pyar, ishq se vaasta nahi hamaara
inhe toh fakat aansuaan ka sailaab maante hai
हम तो नादान परिन्दे हैं साहेब,
आसमान में उडना जानते हैं,
प्यार, इश्क से वास्ता नहीं हमारा,
इन्हे तो फकत् आँसुओं का सैलाब मानते हैं।
– विक्रम
Kive keh deya ke thakk gya haan mein
Pta nhi kinniya jimmewariyan judiyan ne mere naal..
ਕਿਵੇਂ ਕਹਿ ਦਿਆਂ ਕਿ ਥੱਕ ਗਿਆ ਹਾਂ ਮੈਂ,
ਪਤਾ ਨਹੀਂ ਕਿੰਨੀਆਂ ਜਿੰਮੇਵਾਰੀਆਂ ਜੁੜੀਆਂ ਨੇ ਮੇਰੇ ਨਾਲ..