
Bayan kar sakan Jo mohobbat meri nu..!!

दोस्त वो है जो थाम के रखता है हाथ
परवाह नहीं उसको कौन है तुम्हारे साथ
उसकी आखों में चमक दिखती है
जब होता है तुम्हारे साथ
गुजर जाता है वक़्त मिनटों में
जब करते हैं उससे बात
दोस्त वो हैं जो सामने आ जाये गर
खुद बयाँ हो जाते हैं दिल के हालत
कुछ सोचना नहीं पड़ता
जब होती है उससे बात
दोस्त वो है जो बिन कहे समझ लेता है हर बात
बस हम छिपा नहीं सकते उससे कोई भी राज
कर देता है हैरान तब और भी
जब मरहलों में बन जाता है ढाल
अपने सारे दर्द ग़म भुला कर
साथ हँसता है सारी रात
उसे कुछ भी नहीं चाहिए तुमसे बस
कुछ पल तुम्हारे साथ का है वह मोहताज़
दोस्त वो है जिससे दोस्ती निभानी नहीं पड़ती
जिसे कोई भी बात समझानी नहीं पड़ती
रूठ भी जाए तो भी नहीं करता नज़रन्दाज़
इसलिए ये रिश्ता होता है हर रिश्ते से ख़ास
कभी वो माँ की तरह समझाता है
तो कभी पिता की तरह डांटता है
कभी- कभी बहन बन कर सताता है
तो कभी भाई की तरह रुलाता है
कभी एक आफ़ताब बन होंसला बढ़ाता है
हमें ग़म और खुशियों से परे ले जाता है
जिसके पास है ऐसा दोस्त
वही मुकम्मल है इस जहाँ में
वही है हयात का सरताज
Kade sir te junoon swar wang😇
Kade dil te chdeya sroor howi❤️..!!
Meri akhiyan ch vassde sajjjna ve😍
Kde akhiyan to na door howi🤗..!!
ਕਦੇ ਸਿਰ ‘ਤੇ ਜਨੂੰਨ ਸਵਾਰ ਵਾਂਗ😇
ਕਦੇ ਦਿਲ ‘ਤੇ ਚੜ੍ਹਿਆ ਸਰੂਰ ਹੋਵੀਂ❤️..!!
ਮੇਰੀ ਅੱਖੀਆਂ ‘ਚ ਵੱਸਦੇ ਸੱਜਣਾ ਵੇ😍
ਕਦੇ ਅੱਖੀਆਂ ਤੋਂ ਨਾ ਤੂੰ ਦੂਰ ਹੋਵੀਂ🤗..!!