
Kaun vichhreyaa kaun milyaa
ban ke reh janiyaan kahaniyaa
zindagi sirf char dina di
fir yaadan hi reh jaaniyaan

Kaun vichhreyaa kaun milyaa
ban ke reh janiyaan kahaniyaa
zindagi sirf char dina di
fir yaadan hi reh jaaniyaan
यह अधूरा इश्क कब पूरा होगा
होगा भी जा अधूरा रहेगा
ना तुम आए ना पैगाम आया
तुम्हरे पैगाम का कब तक
इंतजार रहेगा
कौन सी जगह है वोह
जहा पर वोह सो गया
ना जाने कौन सी वोह गालियां है
जिस शहर की गलियों में खो गया
हम गलियों मै देख आए
ना गलियों मै वोह मिला
हम बात उसकी कर रहे
हमें छोड़ कर जो गया
नाजने कौन सी वोह गालियां है
जिस शहर की गलियों में खो गया
हम पहचान बताते हैं उसकी
सफेद रंग और काले घने बाल है।
कहां रहते हैं वोह कोनसे गांव और शहर में
एकेले थे जा कोई नाल है।
काले रंग की पेंट और कमीज़ पहनते है।
एक हाथ मै डायरी और एक हाथ
मे कलम पकड़ कर रखते हैं।
उनकी चाहत सबसे ज्यादा डायरी से
और वोह डायरी को
सिने से जकड़ कर रखते है।
उनका नाम है हर्ष
जो शायरी करते थे
अब तो नाम उनका गुमनाम सा हो गया
ना जाने कौन सी वोह गालियां है
जिस शहर की गलियों में खो गया।
Na duniya ki samaj na logo ki parakh
Hmari aapki mohabbat me bas itna farak
aapne matalab ke liye rishta bnaya humne usi rishte ko dil se nibhaya🥀
ना दुनिया की समझ ना लोगों की परख
हमारी आपकी मोहब्बत में बस इतना फरक
आपने मतलब के लिए रिश्ता बनाया हमने उसी रिश्ते को दिल से निभाया 🥀