
jihnu byaan karn lai saadhiyaan akhaan
hungaara na bharn

Koi nishani nahi teri
ik dil te deyi satt nu chhad ke
kol mere taa bechain si
chain mileyaa hona tainu mainu chadd ke
ਕੋਈ ਨਿਸ਼ਾਨੀ ਨਹੀਂ ਤੇਰੀ
ਇੱਕ ਦਿਲ ਤੇ ਦੇਈਂ ਸੱਟ ਨੂੰ ਛੱਡ ਕੇ
ਕੋਲ਼ ਮੇਰੇ ਤਾਂ ਬੇਚੈਨ ਸੀ
ਚੈਨ ਮਿਲਿਆਂ ਹੋਣਾ ਤੈਨੂੰ ਮੇਨੂੰ ਛੱਡ ਕੇ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷
सुना है लोग तुझे आँखें भरकर देखते हैं , है मन में क्या उनके ये तो सवाल कर ।
माना लोगों की फितरत अब अच्छी नहीं , अपनी इज्जत का तू तो ज़रा ख्याल कर ।।
बादस्तूर चलती रही नाराजगी जिंदगी में , वक्त बेवक्त काफिर सा न मेरा हाल कर ।
मेरी आदतों में शूमार है तेरी मोहब्बत का सबब , खुदा का शुक्र मना बेवजह न मलाल कर ।।
बागी मिजाज़ रहा दिल का चाहतों के गुबार में , जिससे कभी मोहब्बत थी उससे अब नफरत भी बेमिसाल कर ।
क्या हुआ जो दुआ भी कुबूल न हुई , हासिल कर अपने दर्द को कुछ तो अब बवाल कर ।।