दवा असर न करे तो नजर उतारती है
दुनिया के उसूलों से कब वो हारती है
क्या लिखूं “”मां”” के लिए उसने खुद मुझे लिखा है
खुदा को देखने की कब चाह है उसका स्वरूप हमेशा मेरी मां में दिखा है💞
Enjoy Every Movement of life!
दवा असर न करे तो नजर उतारती है
दुनिया के उसूलों से कब वो हारती है
क्या लिखूं “”मां”” के लिए उसने खुद मुझे लिखा है
खुदा को देखने की कब चाह है उसका स्वरूप हमेशा मेरी मां में दिखा है💞
Samandar ke beech le jakar fareb karne ki zaroorat kya thi..
Tum kehte to kinare par hi doob jate hum 🙃….!!
समंदर के बीच ले जाकर फ़रेब करने की जरूरत क्या थी..
तुम कहते तो किनारे पर ही डूब जाते हम🙃….!!

