दवा असर न करे तो नजर उतारती है
दुनिया के उसूलों से कब वो हारती है
क्या लिखूं “”मां”” के लिए उसने खुद मुझे लिखा है
खुदा को देखने की कब चाह है उसका स्वरूप हमेशा मेरी मां में दिखा है💞
Enjoy Every Movement of life!
दवा असर न करे तो नजर उतारती है
दुनिया के उसूलों से कब वो हारती है
क्या लिखूं “”मां”” के लिए उसने खुद मुझे लिखा है
खुदा को देखने की कब चाह है उसका स्वरूप हमेशा मेरी मां में दिखा है💞
Tere shehar to guzar rahe haan
Ki dssiye ki guzar rahi e ~🍂
ਤੇਰੇ ਸ਼ਹਿਰ ਤੋਂ ਗੁਜ਼ਰ ਰਹੇ ਹਾਂ,
ਕੀ ਦੱਸੀਏ ਕੀ ਗੁਜ਼ਰ ਰਹੀ ਏ ~🍂

