दवा असर न करे तो नजर उतारती है
दुनिया के उसूलों से कब वो हारती है
क्या लिखूं “”मां”” के लिए उसने खुद मुझे लिखा है
खुदा को देखने की कब चाह है उसका स्वरूप हमेशा मेरी मां में दिखा है💞
Enjoy Every Movement of life!
दवा असर न करे तो नजर उतारती है
दुनिया के उसूलों से कब वो हारती है
क्या लिखूं “”मां”” के लिए उसने खुद मुझे लिखा है
खुदा को देखने की कब चाह है उसका स्वरूप हमेशा मेरी मां में दिखा है💞
Muskurate the woh lamhe jab tum saath the….
khushiyan qadam chumti thi sirf tumhare dekhne se…
itni purani hogai hai woh yaadeein ke ab yaad bhi nahi ke tum kab saath the….
Socha na tha,
Vo haseen chehra khwabon se nikal kar deedar dega,
Na jane kitni shaamein guzar di is shaam ki khatir… ❤
सोचा ना था,
वो हसीन चेहरा ख़्वाबों से निकल कर दीदार देगा,
ना जाने कितनी शामें गुज़ार दी इस शाम की खातिर…❤
