Har ghadi har lamha
Ho geya hu main tanha
Pal do pal kyu pass nahi hai tu
Saath nahi hai tu agar dard dena
Hi tha toh dil yeh churaya hi kyu
Har ghadi har lamha
Ho geya hu main tanha
Pal do pal kyu pass nahi hai tu
Saath nahi hai tu agar dard dena
Hi tha toh dil yeh churaya hi kyu
Kujh gehra likhna chahune aa
jehdhaa dhuk tere tak jawe
padh bhawe saari duniyaa lawe
par samajh tainu hi aawe
ਕੁੱਝ ਗਹਿਰਾ ਲਿਖਣਾ ਚਾਹੁੰਨੇ ਆਂ
ਜਿਹੜਾ ਢੁੱਕ ਤੇਰੇ ਤੱਕ ਜਾਵੇ
ਪੜ ਭਾਵੇਂ ਸਾਰੀ ਦੁਨੀਆਂ ਲਵੇ
ਪਰ ਸਮਝ ਤੈਨੂੰ ਹੀ ਆਵੇ
मेरे प्यार की तपिश के आगे यह सूरज भी ठंडा है,
मेरे आंसुओ का मुकाबला यह बरसात क्या करेगी ।
तुझे पाने की चाहत में, हम सब कुछ खोते चले गए,
मगर फिर भी ऐ मेरे हमनशी, तुम दुर होते चले गए,
अब इससे ज्यादा मेरे हाल को बेहाल क्या करेगी,
मेरे प्यार की तपिश के आगे यह सूरज भी ठंडा है,
मेरे आंसुओ का मुकाबला यह बरसात क्या करेगी ।
मिल गया था मैं तुझे बिन मांगे, तुम कदर भी मेरी क्या करते ,
तुम रूठते हम मना लेते, मगर बदल ही गए हम क्या करते,
मैं लेटू नींद ना आये मुझे, तु भी रात को तारे गिना करेगी,
मेरे प्यार की तपिश के आगे यह सूरज भी ठंडा है,
मेरे आंसुओ का मुकाबला यह बरसात क्या करेगी ।
मैने खूद को ना ऐसे चाहा कभी, जैसे तुझको चाहते चले गए,
मैने देखा खुद को खोते हुए, बस तेरे होते चले गए,
मैंं इतना दूर चला जाऊं, तु घूट घूट आंहे भरा करेगी,
मेरे प्यार की तपिश के आगे यह सूरज भी ठंडा है,
मेरे आंसुओ का मुकाबला यह बरसात क्या करेगी ।
मैने खुदा से ऐसे मांगा उसे, मैं जीता, किस्मत हार गई,
यह “रमन” की महोब्बत की कविता थी, कोई जिस्मो का व्यापार नहीं,
तेरे पीछे खुद को फ़ना कर दू, मेरे गीत भी दुनिया गाया करेगी,
मेरे प्यार की तपिश के आगे यह सूरज भी ठंडा है,
मेरे आंसुओ का मुकाबला यह बरसात क्या करेगी ।
Rami_