पूरी तरह से आज दिल टूट गया मेरा,
हमसफ़र मुझसे जब रूठ गया मेरा,
गम के बादल यु छाए हुए थे,
आँखों से हुई बारिश सब डूब गया मेरा….
पूरी तरह से आज दिल टूट गया मेरा,
हमसफ़र मुझसे जब रूठ गया मेरा,
गम के बादल यु छाए हुए थे,
आँखों से हुई बारिश सब डूब गया मेरा….
शाम बीती और रात हुई, गमों की फिर बरसात हुई..
तुझे भुलने को फिर से जाम पिया, गलती फिर मेरे हाथ हुई..
फिर से बहक गए लफ्ज मेरे, लफ्जों पे फिर से दात हुई..
दिलजले थे वहां कई मुझ जैसे, उनकी भी इश्क में मात हुई..
वही एक तरह का हर किस्सा, इश्क की भी भला कोई जात हुई..
हर कहानी ख़ुशी से शुरू हुई, ख़तम आंसुओं के साथ हुई..
महफिल को छोड़ चले घर की ओर, तन्हाई से फिर मुलाकात हुई..
तेरी याद बढ़ गई हर जाम के साथ, भला ये भी कोई बात हुई..
Kismat buri c ja me hi bura
eh faisla na ho sakeya
me har kise da ho gya
koi mera na ho sakeya
ਕਿਸਮਤ ਬੁਰੀ ਸੀ ਜਾਂ ਮੈਂ ਹੀ ਬੁਰਾ
ਇਹ ਫੈਸਲਾ ਨਾ ਹੋ ਸਕਿਆ
ਮੈਂ ਹਰ ਕਿਸੇ ਦਾ ਹੋ ਗਿਆ
ਕੋਈ ਮੇਰਾ ਨਾ ਹੋ ਸਕਿਆ