बचपन में किसी स्कूल में दाखिल नही हुए,
इसलिए जिन्दगी की दौड़ के काबिल नही हुए.
ख़ुशी खिलौना खेलने से नही मिलती है,
ख़ुशी स्कूल के दोस्तों के साथ खेलने से मिलती है.
Enjoy Every Movement of life!
बचपन में किसी स्कूल में दाखिल नही हुए,
इसलिए जिन्दगी की दौड़ के काबिल नही हुए.
ख़ुशी खिलौना खेलने से नही मिलती है,
ख़ुशी स्कूल के दोस्तों के साथ खेलने से मिलती है.

Samaa dass dinda hai…
Ke lok ki c te asi ki samjhde rhe🙂
ਸਮਾਂ ਦੱਸ ਦਿੰਦਾ ਹੈ…
ਕਿ ਲੋਕ ਕੀ ਸੀ ਤੇ ਅਸੀਂ ਕੀ ਸਮਝਦੇ ਰਹੇ।🙂