Dunghiyan nigahan ch udaasi te
bulla te chupi chaa jandi e
Jad door door tak tu kidre nazar nahi aunda..!!
ਡੂੰਘੀਆਂ ਨਿਗਾਹਾਂ ‘ਚ ਉਦਾਸੀ ਤੇ
ਬੁੱਲਾਂ ‘ਤੇ ਚੁੱਪੀ ਛਾ ਜਾਂਦੀ ਏ
ਜਦ ਤੂੰ ਦੂਰ ਦੂਰ ਤੱਕ ਕਿੱਧਰੇ ਨਜ਼ਰ ਨਹੀਂ ਆਉਂਦਾ..!!
Dunghiyan nigahan ch udaasi te
bulla te chupi chaa jandi e
Jad door door tak tu kidre nazar nahi aunda..!!
ਡੂੰਘੀਆਂ ਨਿਗਾਹਾਂ ‘ਚ ਉਦਾਸੀ ਤੇ
ਬੁੱਲਾਂ ‘ਤੇ ਚੁੱਪੀ ਛਾ ਜਾਂਦੀ ਏ
ਜਦ ਤੂੰ ਦੂਰ ਦੂਰ ਤੱਕ ਕਿੱਧਰੇ ਨਜ਼ਰ ਨਹੀਂ ਆਉਂਦਾ..!!
Jhuth par kuch is trah tika hu
Sach se jada afwahon mein bika hu
झूठ पर कुछ इस तरह टिका हूँ
सच से ज्यादा अफवाहों में बिका हूँ
ख़ुद को समझ लें
उस ग़ुरूर से बचाना ईश्वर
कि बंद करने को
कुछ न रहे पास
दीवार ही सही
कमर टिकाई हो जिस पर
कभी किसी कमज़ोर पल
उस पर थूक सकने की
जहालत से भी बचाना
पर वह साहस ज़रूर देना
जो मुँह से बाहर निकलते दिल को पकड़ सके
सँभाल सके और कह सके
कि जो पाया उसे लौटाने से ज़्यादा ज़रूरी है
उस भूमिका को सँभालना जो हम निभाते हैं
अपने या किसी और के जीवन में
माफ़ कर सकें उनसे ज़्यादा खुद को
याद रख सकें बस इतना
कि विश्व के सबसे अलोकप्रिय लोगों ने बख़्शी जान हमें
उन्हें सबने नज़रंदाज़ किया
उनके पैरों में सारे आँसू वार दें
उनकी हथेली में बिखेर सकें सारी हँसी
जब कह देना ही सब कुछ हो
चुप रह सकें उस वक़्त
कड़वी बात को यूँ ज़ब्त कर लें
नाख़ूनों में भर लें
खुरचकर धरती सारी।