धरती सा धीरज दिया और आसमान सी उंचाई है
जिन्दगी को तरस के खुदा ने ये तस्वीर बनाई है
हर दुख वो बच्चों का खुद पे वो सह लेतें है
उस खुदा की जीवित प्रतिमा को हम पिता कहते है..!!
Enjoy Every Movement of life!
धरती सा धीरज दिया और आसमान सी उंचाई है
जिन्दगी को तरस के खुदा ने ये तस्वीर बनाई है
हर दुख वो बच्चों का खुद पे वो सह लेतें है
उस खुदा की जीवित प्रतिमा को हम पिता कहते है..!!
Raat da akhri te swere da pehla zikr e tu…♡
ਰਾਤ ਦਾ ਆਖਰੀ ਤੇ ਸਵੇਰੇ ਦਾ ਪਹਿਲਾ ਜ਼ਿਕਰ ਏ ਤੂੰ…♡
