फूल तो हमें सभी पसंद है
पर खुशबू सिर्फ गुलाब का पसंद है अच्छा लगता है..
वैसे तो हमें समुद्र भी पसंद है
पर डूबना हमें तुम्हारी आँखों में अच्छा लगता है..
फूल तो हमें सभी पसंद है
पर खुशबू सिर्फ गुलाब का पसंद है अच्छा लगता है..
वैसे तो हमें समुद्र भी पसंद है
पर डूबना हमें तुम्हारी आँखों में अच्छा लगता है..
इस जीवन से जुड़ा एक सवाल है हमारा~
क्या हमें फिर से कभी मिलेगा ये दोबारा?
समंदर में तैरती कश्ती को मिल जाता है किनारा~
क्या हम भी पा सकेंगे अपनी लक्ष्य का किनारा?
जिस तरह पत्तों का शाखा है जीवन भर का सहारा~
क्या उसी तरह मेरा भी होगा इस जहां में कोई प्यारा?
हम एक छोटी सी उदासी से पा लेते हैं डर का अंधियारा~
गरीब कैसे सैकड़ों गालियां खा कर भी कर लेतें है गुजारा ?
जिस तरह आसमान मे रह जाते सूरज और चांद-तारा ~
क्या उस तरह रह पाएगा हमारी दोस्ती का सहारा ?
जैसे हमेशा चलती रहती है नदियों का धारा~
क्या हम भी चल सकेंगे अपनी राह की धारा ?
ना तुमने कुछ कहा ना बताया हमने ..!!
क्यों करते है प्यार तुमसे क्यों अपनाया हमने..!!
Na tumne kuch kha na btaya humne
Kyu karte hai pyar tumse kyu apnaya humne