फिजाओं के बदलने का इंतज़ार मत कर
आँधियों के रुकने का इंतज़ार मत कर
पकड़ किसी को और फरार हो जा
पापा की पसंद का इंतज़ार मत कर
फिजाओं के बदलने का इंतज़ार मत कर
आँधियों के रुकने का इंतज़ार मत कर
पकड़ किसी को और फरार हो जा
पापा की पसंद का इंतज़ार मत कर
Kade asi lakha vicho ik si
hun kakhaa vich haa sajjna
par jinna chir ne saah mere chalde
tainu rakhaange rabb di thaa te sajjna
ਕਦੇ ਅਸੀ ਲੱਖਾਂ ਵਿੱਚੋਂ ਇੱਕ ਸੀ
ਹੁਣ ਕੱਖਾਂ ਵਿੱਚ ਹਾਂ ਸੱਜਣਾ
ਪਰ ਜਿੰਨਾਂ ਚਿਰ ਨੇ ਸਾਹ ਮੇਰੇ ਚੱਲਦੇ
ਤੈਨੂੰ ਰੱਖਾਗੇ ਰੱਬ ਦੀ ਥਾਂ ਤੇ ਸੱਜਣਾ
jindagee aaj kal gujar rahee hai imtihaano ke daur se,
ek jakhm bharata nahee doosara aane kee jid karata hai…
जिन्दगी आज कल गुजर रही है इम्तिहानो के दौर से,
एक जख्म भरता नही दूसरा आने की जिद करता है…