Duniyan nu meri haqiqat
bare pata v nai
ilzaam hazaaran ne
te galti ik v nai
ਦੁਨੀਆ ਨੂੰ ਮੇਰੀ ਹਕੀਕਤ
ਬਾਰੇ ਪਤਾ ਵੀ ਨਹੀਂ
ਇਲਜ਼ਾਮ ਹਜ਼ਾਰਾਂ ਨੇ
ਤੇ ਗਲਤੀ ਇਕ ਵੀ ਨਹੀਂ
Duniyan nu meri haqiqat
bare pata v nai
ilzaam hazaaran ne
te galti ik v nai
ਦੁਨੀਆ ਨੂੰ ਮੇਰੀ ਹਕੀਕਤ
ਬਾਰੇ ਪਤਾ ਵੀ ਨਹੀਂ
ਇਲਜ਼ਾਮ ਹਜ਼ਾਰਾਂ ਨੇ
ਤੇ ਗਲਤੀ ਇਕ ਵੀ ਨਹੀਂ
मोहताज नही हूं इश्क का,
दिल मेरा फिर भी धड़कता है,
तसल्ली देती होगी धड़कने तुम्हारी,
तुम मेरे सुकून का कद क्या जानो....
इरादे उम्मीदों के,सख़्त लगते हो
तुम मुझे मेरा,बुरा वक्त लगते हो
होठों पर नज़र,नहीं जाती है क्या
माथा चूम कर,क्यू गले लगते हो
यार लहज़ा ऐसा, क्यूं है तुम्हारा
देखने में,इंसान तो भले लगते हो
तुम्हे क्या पता,दिल कहतें हैं इसे
तुम जो खिलोने, बेचने लगते हो
सच्चा इश्क़ ही तो, मांगा है मैंने
हर बार ये क्या, सोचने लगते हो
उदास हो कर कहते हैं,अलविदा
जब तुम ये,घड़ी देखने लगते हो
के कुछ पहेलियां भी,समझा करो
तुम मतलब,क्यों पूछने लगते हो
कोई ख्याल बचा कर,रखो भैरव
तुम तो बस,कलम ढूढने लगते हो