शायरी हर दिल में,
उमंग भर देती है
जो कभी बे-रंग थे, उन दिलों में भी,
मोहब्बत के रंग भर देती है
Shayari Har Dil Mein,
Umang Bhar Deti Hai
Jo Kabhi Berang The, Un Dilon Mein Bhi,
Mohabbat Ke Rang Bhar Deti Hai.
Shayari Har Dil Mein,
Umang Bhar Deti Hai
Jo Kabhi Berang The, Un Dilon Mein Bhi,
Mohabbat Ke Rang Bhar Deti Hai.
Ajh phir aaye ne kalje ch haul
te akhiyaan vich pani
kale baithiyaan nu jadon yaad aayi o marzaani
ਅੱਜ ਫਿਰ ਆਏ ਨੇ ਕਾਲਜੇ ‘ਚ ਹੌਲ
ਤੇ ਅੱਖੀਆਂ ਵਿੱਚ ਪਾਣੀ
ਕੱਲੇ ਬੈਠਿਆਂ ਨੂੰ ਜਦੋਂ ਯਾਦ ਆਈ ਓਹ ਮਰਜਾਣੀ
हमने जो की थी मोहब्बत आज भी है
उनके ज़ुल्फ़ों की शाए की चाहत आज भी है
ये रात कटती है आज भी ख्याल में उनके
दीवानों सी वो मेरी हालत आज भी है
किसी औरकी तस्वीर को उठती नहीं
बेईमान आँखों में थोड़ी सी शराफ़त आज भी है
एक बार चाह कर चाहे दिल तोड़ दे वोह
दिल तोड़ के जाने की इज़ाज़त उसे आज भी है
हमने जो की थी मोहब्बत आज भी है
उनके ज़ुल्फ़ों की शाए की चाहत आज भी है