क्यों इश्क़ इश्क़ तुम करती है
ये इश्क़ तुम्हे तड़पा देगा
तुम सीधी साधी लड़की हो
ये तुमको रुला देगा
Enjoy Every Movement of life!
क्यों इश्क़ इश्क़ तुम करती है
ये इश्क़ तुम्हे तड़पा देगा
तुम सीधी साधी लड़की हो
ये तुमको रुला देगा

बेवक्त बेवजह तुझसे बात करना सुकून लाता है
मेरे लड़खड़ाते अल्फ़ाज़ों मे एक जूनून लाता है
मैं रूठ जाऊ जमाने से कोई गीला नहीं
फिर मासूमियत भरा तेरा हाल पूछना याद आता है ,
कभी बिखरू तो आके समेट लेना मुझे
तुम जो रूठे मुझसे तो मुझे सीधा शमशान याद आता है ।