कुछ बोलूं तो इतराते बहुत हो,
जानेमन तुम मुस्कुराते बहुत हो,
मन करता है तुम्हे दावत पर बुलाऊँ,
लेकिन जानेमन तुम खाते बहुत हो।
कुछ बोलूं तो इतराते बहुत हो,
जानेमन तुम मुस्कुराते बहुत हो,
मन करता है तुम्हे दावत पर बुलाऊँ,
लेकिन जानेमन तुम खाते बहुत हो।
कोई खास नही,
पर है अपनो सा लगाव
नाम नही इस रिश्ता का,
मगर प्यार है बेहिसाब
खुशी छोटी ही क्यों न हो,
मगर जश्न का ना है हिसाब
गैरो के गम को भी अपना बनाकर
ये भी करते है विलाप
मुश्किल कितनी ही बड़ी क्यो न हो,
रहती हमेशा दिल में एक आश
कोई साथ हो या न हो
बस ये दोस्त ही है जो रहते है हमेशा साथ
ये दोस्त भी क्या लाज़वाब होते है,
और इनकी दोस्ती भी उतनी ही लाजवाब❤️
Jo bhalde rahe c arse ton
Aa fatt mere oh sil gayian☺️..!!
Naaz e ohna mohobbtan te
Jo tere vehre mil gayian😇..!!
ਜੋ ਭਾਲਦੇ ਰਹੇ ਸੀ ਅਰਸੇ ਤੋਂ
ਆ ਫੱਟ ਮੇਰੇ ਉਹ ਸਿਲ ਗਈਆਂ☺️..!!
ਨਾਜ਼ ਏ ਉਹਨਾਂ ਮੋਹੁੱਬਤਾਂ ਤੇ
ਜੋ ਤੇਰੇ ਵੇਹੜੇ ਮਿਲ ਗਈਆਂ😇..!!