jindagee aaj kal gujar rahee hai imtihaano ke daur se,
ek jakhm bharata nahee doosara aane kee jid karata hai…
जिन्दगी आज कल गुजर रही है इम्तिहानो के दौर से,
एक जख्म भरता नही दूसरा आने की जिद करता है…
jindagee aaj kal gujar rahee hai imtihaano ke daur se,
ek jakhm bharata nahee doosara aane kee jid karata hai…
जिन्दगी आज कल गुजर रही है इम्तिहानो के दौर से,
एक जख्म भरता नही दूसरा आने की जिद करता है…
Hanju akh ne lukaaeya e
kyu bane anjaan tu naam tera gutt te likhaeya e
muk chale saah saare das tainu cheta na mera aaeya e
ਹੰਝੂ ਅੱਖ ਨੇ ਲਕਾਇਆ ਏ
ਕਿਉ ਬਣੇ ਅਨਜਾਣ ਤੂੰ ਨਾਮ ਤੇਰਾ ਗੁੱਟ ਤੇ ਲਿਖਾਇਆ ਏ
ਮੁੱਕ ਚੱਲੇ ਸਾਹ ਸਾਰੇ ਦੱਸ ਤੈਨੂੰ ਚੇਤਾ ਨਾ ਮੇਰਾ ਆਇਆ ਏ
मैं तुम्हे तुमसे ज्यादा जानता हूं,
मैं तुम्हारे दिल का हर किनारा जानता हूं,
जो कहते नहीं वो आंखों से बता देते हो,
मैं तुम्हारी नजरों का हर इशारा जानता हूं
जानता हूं हाथ थाम कर चलना पसंद है तुम्हे,
फिर कांधे में सिर रखकर बैठना पसंद है तुम्हे,
पानी में लिखकर नाम अक्सर मिटा देते हो,
मेरे साथ रहने का तुम्हारा हर बहाना जानता हूं,
मैं तुम्हारे दिल का हर किनारा जनता हूं...