नजर को बदलो तो नजारे बदल जाते हैं
सोच को बदलो तो सितारे बदल जाते हैं
कश्तियां बदलने की जरूरत नहीं यारों
दिशा को बदलो खुद-ब-खुद किनारे बदल जाते हैं
Enjoy Every Movement of life!
नजर को बदलो तो नजारे बदल जाते हैं
सोच को बदलो तो सितारे बदल जाते हैं
कश्तियां बदलने की जरूरत नहीं यारों
दिशा को बदलो खुद-ब-खुद किनारे बदल जाते हैं
Har roj talashti hu khud ko
Hu shayad mein bhi yahi kahi
Milu gum shayad kisi khayal mein
Khojti hu khud ko khud hi ke swaal mein 🥀
हर रोज तलाशती हू खुद को ,
हू शायद मैं भी यहीं कहीं,
मिलु गुम शायद किसी ख्याल में,
खोजती हु खुद को खुदी के सवाल में,🥀