Kise de bullan da Hassan va
Kise Di akhha da Pani a
Kise Di ajj Di te kise Di bitti kahani a
ਕਿਸੇ ਦੇ ਬੁਲਾ ਦਾ ਹਾਸਾਵਾ
ਕਿਸੇ ਦੀ ਅੱਖਾਂ ਦਾ ਪਾਣੀ ਵਾ
ਕਿਸੇ ਦੀ ਅੱਜ ਦੀ
ਤੇ ਕਿਸੇ ਦੀ ਬੀਤੀ ਕਹਾਣੀ ਵਾ
Kise de bullan da Hassan va
Kise Di akhha da Pani a
Kise Di ajj Di te kise Di bitti kahani a
ਕਿਸੇ ਦੇ ਬੁਲਾ ਦਾ ਹਾਸਾਵਾ
ਕਿਸੇ ਦੀ ਅੱਖਾਂ ਦਾ ਪਾਣੀ ਵਾ
ਕਿਸੇ ਦੀ ਅੱਜ ਦੀ
ਤੇ ਕਿਸੇ ਦੀ ਬੀਤੀ ਕਹਾਣੀ ਵਾ
AAYE THE MEHFIL MAIN BAS LE KAR KUCH ASHAAR HUM
WAQT-E-RUKHSAT HOUSLA BADH GAYA NAWAAZISH SE LOGON KI
آئے تھے محفل میں بس لے کر کچھ اشعار ہم
وقتِ رخصت حوصلہ بڑھ گیا نوازش سے لوگوں
सुख-दुख के अफसाने का
ये राज है सदा मुस्कुराने का
ये पल दो पल की रिश्तेदारी नहीं
ये तो फ़र्ज है उम्र भर निभाने का
जिन्दगी में आकर कभी ना वापस जाने का
ना जानें क्यों एक अजीब सी डोर में बन्ध जाने का
इसमें होती नहीं हैं शर्तें
ये तो नाम है खुद एक शर्त में बन्ध जाने का
ये तो फ़र्ज है उम्र भर निभाने का
दोस्ती दर्द नहीं रोने रुलाने का
ये तो अरमान है एक खुशी के आशियाने का
इसे काँटा ना समझना कोई
ये तो फूल है जिन्दगी की राहों को महकाने का
ये तो फ़र्ज है उम्र भर निभाने का
दोस्ती नाम है दोस्तों में खुशियाँ बिखेर जाने का
आँखों के आँसूओं को नूर में बदल जाने का
ये तो अपनी ही तकदीर में लिखी होती है
धीरे-धीरे खुद अफसाना बन जाती है जमाने का
ये तो फ़र्ज है उम्र भर निभाने का
दोस्ती नाम है कुछ खोकर भी सब कुछ पाने का
खुद रोकर भी अपने दोस्त को हँसाने का
इसमें प्यार भी है और तकरार भी
दोस्ती तो नाम है उस तकरार में भी अपने यार को मनाने का
ये तो फ़र्ज है उम्र भर निभाने का