उतरा है मेरे दिल मे कोई चांद नगर से
अब हो गया इश्क अंधेरे के सफर से
वो बात है तुझमे कोई तुझसा नही कही
नज़र ना लग जाये तुझको मेरी नज़र से
Mukul
उतरा है मेरे दिल मे कोई चांद नगर से
अब हो गया इश्क अंधेरे के सफर से
वो बात है तुझमे कोई तुझसा नही कही
नज़र ना लग जाये तुझको मेरी नज़र से
Mukul
बात अगर मैं करू तो इतराता बहुत है ,
प्यार तो वो भी करता है मगर शर्माता बहुत है ,
शांत रहता है जो मेरे सामने ,
लोग कहते हैं कि उसे गुस्सा आता बहुत है ,
भूल जाता है जो सब कुछ आते ही मेरे सामने,
क्लास में जो पहले नंबर पर आता बहुत है,
उसकी हंसी से बचे तो उसकी आंखों में डूब गए ,
गुरुर था कि हमें तैरना आता बहुत है!💯🥀
Mooh cho nikle bol kde v mud de nhi hunde
Dil to utre lok dubara jud de nhi hunde💯..!!
ਮੂੰਹ ਚੋਂ ਨਿਕਲੇ ਬੋਲ ਕਦੇ ਵੀ ਮੁੜਦੇ ਨਹੀਂ ਹੁੰਦੇ
ਦਿਲ ਤੋਂ ਉੱਤਰੇ ਲੋਕ ਦੁਬਾਰਾ ਜੁੜਦੇ ਨਹੀਂ ਹੁੰਦੇ💯..!!