nafrat nahi mainu ohda moh chahida e
koi ohde warga nahi bas oh chahida hai
ਨਫ਼ਰਤ ਨਹੀਂ ਮੈਨੂੰ ਉਹਦਾ ਮੋਹ ਚਾਹੀਦਾ ਏ,
ਕੋਈ ਉਹਦੇ ਵਰਗਾ ਨਹੀਂ ਬਸ ਉਹ ਚਾਹੀਦਾ ਏ
nafrat nahi mainu ohda moh chahida e
koi ohde warga nahi bas oh chahida hai
ਨਫ਼ਰਤ ਨਹੀਂ ਮੈਨੂੰ ਉਹਦਾ ਮੋਹ ਚਾਹੀਦਾ ਏ,
ਕੋਈ ਉਹਦੇ ਵਰਗਾ ਨਹੀਂ ਬਸ ਉਹ ਚਾਹੀਦਾ ਏ

प्रकृति की बातें सुनाए जाएं, उसकी गाथा कहानी सुनाए जाएं। उठते सूरज की लाली देखो, प्राकृतिक सौंदर्य में खो जाएं।
वृक्षों की छाया को चढ़कर, धरती के गुणगान कर दें। जल की लहरों के रंगों को, रसियों की आवाज़ बना दें।
बारिश की बूँदों का मेल मिलाप, आकर्षण भरी मधुर ध्वनि। हरा-भरा वन आपको बुलाए, अपार प्राकृतिक खजानी।
पर्वतों की ऊँचाइयों से, नदी की धार करे बहती। महकती हवाओं की लहरों में, खुद को आप गंभीर करें।
प्रकृति की रचनाओं को देखो, सुंदरता में जीवन का रंग है। आओ इसे समझें, इसे प्यार करें, प्रेम से हमेशा संग रहें, संग हैं।