Skip to content

koi tan satt laghi punjabi shayari true

  • by

sad true punjabi shayari || Awe nai koi jagda raata nu parda roohi kitaban nu koi satt tan laghi e tainu zaroor dila

Title: koi tan satt laghi punjabi shayari true

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


koi Intkaam nahi || 2lines status

Na sochiyega

Kabhi aapki fikar krenge kisi se aapka zikar krenge zikar kya juban par naam nhi ykeen maniye isse badhkar koi intkaam nhi

न सोचिएगा

कभी आप की फिक्र करेंगे किसी से आपका ज़िक्र करेंगे ज़िक्र क्या जुबां पर नाम नही यकीन मानिए इस से बढ़ कर इंतकाम नही

Title: koi Intkaam nahi || 2lines status


Jeevan me weh tha || जो बीत गई

जीवन में वह था एक कुसुम,
थे उस पर नित्य निछावर तुम,
वह सूख गया तो सूख गया;
मधुवन की छाती को देखो,
सूखीं कितनी इसकी कलियाँ,
मुरझाईं कितनी वल्लरियाँ जो
मुरझाईं फिर कहाँ खिलीं;
पर बोलो सूखे फूलों पर
 कब मधुवन शोर मचाता है;
जो बीत गई सो बात गई!

जीवन में मधु का प्याला था,
तुमने तन-मन दे डाला था,
वह टूट गया तो टूट गया;
मदिरालय का आँगन देखो,
कितने प्याले हिल जाते हैं,
गिर मिट्टी में मिल जाते हैं,
जो गिरते हैं कब उठते हैं;
पर बोलो टूटे प्यालों पर
कब मदिरालय पछताता है!
जो बीत गई सो बात गई!     

मृदु मिट्टी के हैं बने हुए,
मधुघट फूटा ही करते हैं,
लघु जीवन लेकर आए हैं,
प्याले टूटा ही करते हैं,
फिर भी मदिरालय के अंदर
मधु के घट हैं, मधुप्याले हैं,
जो मादकता के मारे हैं
वे मधु लूटा ही करते हैं;
वह कच्चा पीने वाला है
जिसकी ममता घट-प्यालों पर,
जो सच्चे मधु से जला हुआ
कब रोता है, चिल्लाता है!
जो बीत गई सो बात गई!

 

Title: Jeevan me weh tha || जो बीत गई