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kuch is trha uljhi he lakire

” Kuch is trha uljhi he mere hatho ki lakeere

uski lakiro ke sath…

Adhure  jo hm hue,

To muqammal wo b nhi honge.…”

By Zareen khan…

Title: kuch is trha uljhi he lakire

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


Tere bina || sad shayari

kade socheyaa hi nahi c ke
asi v ishq ch haara ge
tere bina taa kade rehna v nahi sikhyaa
aur aaj saal ho gya
pata nahi c ke tere ton begair v asi ji paalange

ਕਦੇ ਸੋਚਿਆ ਹੀ ਨਹੀਂ ਸੀ ਕਿ
ਅਸੀਂ ਵੀ ਇਸ਼ਕ ਚ ਹਾਰਾਂ ਗੈ
ਤੇਰੇ ਬਿਨਾ ਤਾਂ ਕਦੇ ਰੇਹਨਾ ਵੀ ਨਹੀਂ ਸਿਖਿਆ
ਔਰ ਆਜ ਸਾਲ ਹੋ ਗਿਆ
ਪਤਾ ਨਹੀਂ ਸੀ ਕਿ ਤੇਰੇ ਤੋਂ ਬਗੈਰ ਵੀ ਅਸੀਂ ਜੀ ਪਾਲਾਂ ਗੈ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷

Title: Tere bina || sad shayari


Akbar badshah ko mazaak || hindi akbar birbal kahani

अकबर बादशाह को मजाक करने की आदत थी। एक दिन उन्होंने नगर के सेठों से कहा-

“आज से तुम लोगों को पहरेदारी करनी पड़ेगी।”

सुनकर सेठ घबरा गए और बीरबल के पास पहुँचकर अपनी फरियाद रखी।

बीरबल ने उन्हें हिम्मत बँधायी,

“तुम सब अपनी पगड़ियों को पैर में और पायजामों को सिर पर लपेटकर रात्रि के समय में नगर में चिल्ला-चिल्लाकर कहते फिरो, अब तो आन पड़ी है।”

उधर बादशाह भी भेष बदलकर नगर में गश्त लगाने निकले। सेठों का यह निराला स्वांग देखकर बादशाह पहले तो हँसे, फिर बोले-“यह सब क्या है ?”

सेठों के मुखिया ने कहा-

“जहाँपनाह, हम सेठ जन्म से गुड़ और तेल बेचने का काम सीखकर आए हैं, भला पहरेदीर क्या कर पाएँगे, अगर इतना ही जानते होते तो लोग हमें बनिया कहकर क्यों पुकारते?”

बादशाह अकबर बीरबल की चाल समझ गए और अपना हुक्म वापस ले लिया।

Title: Akbar badshah ko mazaak || hindi akbar birbal kahani