Eh kalam meri bahuta mangdi na pyaar ve
likj ke akhar bewafai de
mainu samjhaun di ki
gaba nu kari na kade pyaar ve
ਐਹ ਕਲਮ ਮੇਰੀ
ਬਹੋਤਾ ਮੰਗਦੀ ਨਾ ਪਯਾਰ ਵੇ
ਲਿਖ ਕੇ ਅਖਰ ਬੇਵਫ਼ਾਈ ਦੇ
ਮੈਨੂੰ ਸਮਝਾਉਣ ਦੀ ਕੀ
ਗਾਬਾ ਤੂੰ ਕਰੀਂ ਨਾ ਕਦੇ ਪਯਾਰ ਵੇ
— ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷
Eh kalam meri bahuta mangdi na pyaar ve
likj ke akhar bewafai de
mainu samjhaun di ki
gaba nu kari na kade pyaar ve
ਐਹ ਕਲਮ ਮੇਰੀ
ਬਹੋਤਾ ਮੰਗਦੀ ਨਾ ਪਯਾਰ ਵੇ
ਲਿਖ ਕੇ ਅਖਰ ਬੇਵਫ਼ਾਈ ਦੇ
ਮੈਨੂੰ ਸਮਝਾਉਣ ਦੀ ਕੀ
ਗਾਬਾ ਤੂੰ ਕਰੀਂ ਨਾ ਕਦੇ ਪਯਾਰ ਵੇ
— ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷
Is rang badalti duniya mein
lakh mushkile aur hzaar kisse aaye
kuch to sahi kiya hoga zindagi me
jo aise pyaare log mere hisse aaye ❣️
इस रंग बदलती दुनिया में
लाख मुश्किलें और हजार किस्से आए
कुछ तो सही किया होगा ज़िंदगी में
जो ऐसे प्यारे लोग मेरे हिस्से आए ❣️
चाल अभी धीमी है,
पर कदम जाएंगे मंजिल तक जरूर।
हालात अभी उलझे हैं,
पर बदलेंगे मौसम,बिखरेगा हरसू नूर।
हौसलों की कमी नहीं,
क़्त भले ना हो ज्यादा।
शह मात की खेल है जिंदगी,
मंजिल को पाने की, हम रखते हैं माआदा।
पलकें मूंद जाती हैं झंझावतों से,
रास्ते छुप जाते हैं काले बदली की छाँव में।
गुजरना ही होगा अंधियारे सूने गलियारों से,
आशियाना हो चाहे गांव या शहर में।
लक्ष्य जो बुन लिया है विश्वास के तागों से,
अब रुकना नहीं, न झुकना कहीं तुम सफर में ।
डगर ने चुन लिया है तुम्हें साहस के पदचिन्हों से,
धैर्य,सहनशीलता और जीत, होंगे सहचर तुम्हारे सहर में।।
तरुण चौधरी