tere husn ko parde kee zarurat hee kya hai,
kaun hosh mein rahata hai tujhe dekhane ke baad…
तेरे हुस्न को परदे की ज़रुरत ही क्या है,
कौन होश में रहता है तुझे देखने के बाद… 💖💖
tere husn ko parde kee zarurat hee kya hai,
kaun hosh mein rahata hai tujhe dekhane ke baad…
तेरे हुस्न को परदे की ज़रुरत ही क्या है,
कौन होश में रहता है तुझे देखने के बाद… 💖💖
ना जाने क्यो सोचते है…हर वख्त तेरे बारे में!
लगता है सोहबत में तेरी मुझे ईश्क होने लगा है!
देखते हो जब मुझे शरमा कर आंखे झुक जाती है,
हर अदा पर तेरा पहरा सा महसूस होने लगा है
देखूं जब भी आइना अक्स तेरा मुझमे दिखने लगा है
खोई रहती हूं , वख्त बेवख्त तेरे ख्यालो में
ओर दिल भी ज़ोर ज़ोर से धड़कने लगा है
लगता है तू सोच में मेरी हावी होने लगा है
Tumse mohobbat h, to vaade bhi nibhayenge…
Tum sath nibhane ki himat rakho bas,
Baki hum sab kr jayenge…