कंडो के साथ ही
तुमने मेरा प्रेम भी थापा,
उसे गोबर की तरह ढोया सिर पर,
घर से दूर ले जाकर,
खलिहान के किसी कोने में,
प्यार से, दुलार से,
पूचकार कर, आकार दिया,
धूप में सुखाया,
बारिश से बचाया बार बार पलटाया,
मैं और कंडे_ लायक बने,
तुम्हारे लिए जलने को_
Enjoy Every Movement of life!
कंडो के साथ ही
तुमने मेरा प्रेम भी थापा,
उसे गोबर की तरह ढोया सिर पर,
घर से दूर ले जाकर,
खलिहान के किसी कोने में,
प्यार से, दुलार से,
पूचकार कर, आकार दिया,
धूप में सुखाया,
बारिश से बचाया बार बार पलटाया,
मैं और कंडे_ लायक बने,
तुम्हारे लिए जलने को_
कहानियों में सुना है, कोई खूबसूरत होता है जहाँ
खुबसूरती में भी तुम, बहुत खूबसूरत हो वहां
Khoobsurat bohot hai tu lekin, dil lagane ke kabil nahi hai…..
Aur Nigahon sa tere mujrim koi katil nahi hai…
खूबसूरत बहुत है तू लेकिन, दिल लगाने के काबिल नही है..
और निगाहों सा तेरे मुजरिम कोई कातिल नहीं है…