माँ बाप के बिना जिन्दगी अधूरी हैं,
माँ अगर धूप से बचाने वाली छाँव हैं
तो पिता ठंडी हवा का वह झोका हैं
जो चेहरे से शिकवा की बूंदों को सोख लेता हैं♡
Enjoy Every Movement of life!
माँ बाप के बिना जिन्दगी अधूरी हैं,
माँ अगर धूप से बचाने वाली छाँव हैं
तो पिता ठंडी हवा का वह झोका हैं
जो चेहरे से शिकवा की बूंदों को सोख लेता हैं♡
नज़र में ज़ख़्म-ए-तबस्सुम छुपा छुपा के मिला,
खफा तो था वो मगर मुझ से मुस्कुरा के मिला।❤️