lavaan ne meriya maut nal
zindagi nal koi lenn denn nhi
jionda ha apna hi assol’aa ta
juuth’aa lok vich ral ja eeh mnu manzoor nhi – ਹੰਕਾਰੀ
lavaan ne meriya maut nal
zindagi nal koi lenn denn nhi
jionda ha apna hi assol’aa ta
juuth’aa lok vich ral ja eeh mnu manzoor nhi – ਹੰਕਾਰੀ
roya na kar dila
eh taa mohobat da dastoor hai
jina nu asi apne ton wad chahun lag jande ha
fer ohnu kade na kade chhadna painda ae
ਰੋਯਾ ਨਾਂ ਕਰ ਦਿਲਾਂ
ਏਹ ਤਾਂ ਮਹੋਬਤ ਦਾ ਦਸਤੂਰ ਹੈ
ਜਿਨ੍ਹਾਂ ਨੂੰ ਅਸੀਂ ਆਪਣੇ ਤੋਂ ਵਦ ਚਾਹੁੰਣ ਲੱਗ ਜਾਂਦੇ ਹਾਂ
ਫੇਰ ਓਹਨੂੰ ਕਦੇ ਨਾਂ ਕਦੇ ਛਡਣਾ ਪੇਂਦਾ ਐਂ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷
मयकदे में बैठ कर जाम इश्क़ के पी रहा हूं,
मुझे ना जगाना यारों मै ख़्वाबों में जी रहा हूं…
मोहब्बत भी कि, वफा भी रास आई,
थामा जब हाथ उसका तो जैसे ज़िन्दगी पास आई…
बंद आंखों में एहसासों को जी रहा हूं,
मुझे ना जगाना यारों मै ख़्वाबों में जी रहा हूं…
इश्क़ दिल से किया कलम से दास्तां लिखा,
मै ज़मीन पर सही उसे आसमां लिखा,
कुछ बिखरे लम्हों को पलकों के धागों से सी रहा हूं,
मुझे ना जगाना यारों मै ख़्वाबों में जी रहा हूं…
नजदीकियों का डर है, थोड़ा गुमराह हूं,
ना जाने धड़कने क्यों तेज़ है, मै भी तो हमराह हूं,
लग रहा है मै भवरा बन फूलों से खुशबू पी रहा हूं,
मुझे ना जगाना यारों मै ख़्वाबों में जी रहा हूं…
सुबह कुछ दस्तक दी शाम को वो लम्हें चल दिए,
वक्त की बंदिशें थी हम भी उनके पीछे चल दिए…
अगली सुबह के इंतज़ार में वक्त का दरिया पी रहा हूं,
मुझे ना जगाना यारों अब मै ख़्वाबों को जी रहा हूं…