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mehfelaan

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Title: mehfelaan

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Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


Ik raat || Punjabi best shayari

suni si raat sune si raah
kujh ajeeb tarah di c chup
par si kujh badal turde ja rahe
bekhof si hawa guzar rahi
par kujh bola di khushboo si mehak rahi
kyu na me kujh sun sakeyaa
ki oh mainu kujh keh rahi c

ਸੁੰਨੀ ਸੀ ਰਾਤ ਸੁੰਨੇ ਸੀ ਰਾਹ,
ਕੁਝ ਅਜੀਬ ਤਰ੍ਹਾਂ ਦੀ ਸੀ ਚੁੱਪ,
ਪਰ ਸੀ ਕੁੱਝ ਬੱਦਲ ਤੁਰਦੇ ਜਾ ਰਹੇ,
ਬੇਖੋਫ ਸੀ ਹਵਾ ਗੁਜ਼ਰ ਰਹੀ,
ਪਰ ਕੁੱਝ ਬੋਲਾਂ ਦੀ ਖੁਸ਼ਬੂ ਸੀ ਮਹਿਕ ਰਹੀ,
ਕਿਉ ਨਾ ਮੈ ਕੁੱਝ ਸੁਣ ਸਕਿਆ,
ਕੀ ਉਹ ਮੈਨੂੰ ਕੁਝ ਕਹਿ ਰਹੀ ਸੀ।🧎🏽‍♂️

Title: Ik raat || Punjabi best shayari


Dost || hindi poetry

सर में सौदा भी नहीं दिल में तमन्ना भी नहीं
लेकिन इस तर्क-ए-मोहब्बत का भरोसा भी नहीं
दिल की गिनती न यगानों में न बेगानों में
लेकिन उस जल्वा-गह-ए-नाज़ से उठता भी नहीं
मेहरबानी को मोहब्बत नहीं कहते ऐ दोस्त
आह अब मुझ से तिरी रंजिश-ए-बेजा भी नहीं
एक मुद्दत से तिरी याद भी आई न हमें
और हम भूल गए हों तुझे ऐसा भी नहीं
आज ग़फ़लत भी उन आँखों में है पहले से सिवा
आज ही ख़ातिर-ए-बीमार शकेबा भी नहीं
बात ये है कि सुकून-ए-दिल-ए-वहशी का मक़ाम
कुंज-ए-ज़िंदाँ भी नहीं वुसअ’त-ए-सहरा भी नहीं
अरे सय्याद हमीं गुल हैं हमीं बुलबुल हैं
तू ने कुछ आह सुना भी नहीं देखा भी नहीं
आह ये मजमा-ए-अहबाब ये बज़्म-ए-ख़ामोश
आज महफ़िल में ‘फ़िराक़’-ए-सुख़न-आरा भी नहीं
ये भी सच है कि मोहब्बत पे नहीं मैं मजबूर
ये भी सच है कि तिरा हुस्न कुछ ऐसा भी नहीं
यूँ तो हंगामे उठाते नहीं दीवाना-ए-इश्क़
मगर ऐ दोस्त कुछ ऐसों का ठिकाना भी नहीं
फ़ितरत-ए-हुस्न तो मा’लूम है तुझ को हमदम
चारा ही क्या है ब-जुज़ सब्र सो होता भी नहीं
मुँह से हम अपने बुरा तो नहीं कहते कि ‘फ़िराक़’
है तिरा दोस्त मगर आदमी अच्छा भी नहीं

Title: Dost || hindi poetry