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Meri aankho ko teri || pyar shayari

Meri aankhon ko teri aankhon ka deedaar adhura h,

Mere chechre pr tere haathon ka swaad adhoora h, 

Teri ek jhalak ko mukammal krne k liye,

Meri dhadkan ke dhadakne ka intzaar adhura hai, 

Kaash is dil ko tumhara aitbaar na hua hota,

To Hme bhi kisise kbhi pyaar na hua hota, 

Jee lete hm bhi bevafaai k shaare,

Agar pyaar hme tumse beintehaa na hua hota.

Title: Meri aankho ko teri || pyar shayari

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


Meri maa || Punjabi shayari on mother

ਅੱਜ ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਦੀ ਕਿਤਾਬ ਦੇ ਕੁਝ ਪੰਨੇ ਫਰੋਲੇ ਮੈਂ..
ਪਹਿਲੇ ਪੰਨੇ ਤੇ ਮਾਂ ਨਾਲ ਬਿਤਾਏ ਪਲ ਖੋਲੇ ਮੈਂ🥀..
ਮੇਰਾ ਜ਼ਿੱਦ ਤੇ ਅੜਨਾ,ਮੇਰੀ ਮਾਂ ਨੇ ਰੁੱਸ ਜਾਣਾ..
ਜੇ ਮੈਂ ਗੁੱਸੇ ਚ ਰੋਟੀ ਨਾ ਖਾਣਾ,ਮਾਂ ਨੇ ਫਿਰ ਮੰਨ ਜਾਣਾ❣️..
ਏਹੀ ਪਲ ਮੇਰੇ ਲਈ ਯਾਦਗਾਰ ਬਣ ਜਾਣਾ..
ਮੇਰੀ ਤਾਕਤ ਵੀ ਮਾਂ ਤੇ ਮੇਰੀ ਕਮਜ਼ੋਰੀ ਏ💕..
ਮੈਨੂੰ ਹਸਾ ਕੇ ਕਈ ਵਾਰ ਰੋਈ ਵੀ ਏ..
ਮੇਰਾ ਵੀ ਦੁੱਖ ਸਹਿ ਲੈਣਾ,ਆਪਣਾ ਦੁੱਖ ਮੂੰਹੋ ਨਾ ਕਹਿਣਾ..
ਮਾਂ ਦਾ ਕਰਜ਼ ਮੈਥੋਂ,ਕਿੱਥੋ ਲਹਿਣਾ🙃..

Title: Meri maa || Punjabi shayari on mother


याद है ना तुम्हें || hindi poetry

याद है ना तुम्हें..
पहली दफा,
जब कलम मेरी बोली थी
तुम पर शब्दों की कुछ लड़ियां
मैंने पिरोई थी।

तुम्हारे गुजरे पलों में बेशक मैं नहीं थी
तुम्हारे संग भविष्य की अपेक्षा भी नहीं थी
हां,वर्तमान के कुछ चंद क्षण
साझा करने की ख्वाहिश जरुर थी।

याद है ना तुम्हें..
पहली दफा,
जब कलम मेरी बोली थी
तुम पर शब्दों की कुछ लड़ियां
मैंने पिरोई थी।

देखो, आज फिर उंगलियों ने मेरी
कलम उठाई है
कुछ अनसुनी भावनाओं को संग अपने
समेट लाई है
माना ,मेरे शब्दों ने आहत किया तुम्हें
लेकिन क्या,असल भाव को पहचाना तुमने?

याद है ना तुम्हें..
पहली दफा,
जब कलम मेरी बोली थी
तुम पर शब्दों की कुछ लड़ियां
मैंने पिरोई थी।

उलझ गए तुम निरर्थक शब्दों में
पढ़ा नहीं जो लिखा है कोमल हृदय में
चल दिए छोड़ उसे, तुम अपनी अना में
बंधे थे हम तुम, जिस अनदेखे रिश्ते की डोर में

याद है ना तुम्हें..
पहली दफा,
जब कलम मेरी बोली थी
तुम पर शब्दों की कुछ लड़ियां
मैंने पिरोई थी।

बीत गए कई बारिश के मौसम
क्या धुले नहीं, जमे धूल मन के?
है अर्जी मेरी चले आओ तुम
मेरे भीतर के तम को रोशनी दिखाओ तुम..

याद है ना तुम्हें..
पहली दफा,
जब कलम मेरी बोली थी
तुम पर शब्दों की कुछ लड़ियां
मैंने पिरोई थी।

Title: याद है ना तुम्हें || hindi poetry