Meri kamiyon ko kosne ka koi haq nahi hai tujko…
Tum mil jao mukamal, mit jayengi ye pal mein..
Meri kamiyon ko kosne ka koi haq nahi hai tujko…
Tum mil jao mukamal, mit jayengi ye pal mein..
Kambakht yeh aankhe
aansuaa ka wajan nahi uthaa paa rahe hai aur
ye gile takiye roj hi sawere sookh jaate hai
कम्बख्त ये आंखे ,
आंसुओ का वजन नहि उठा पा रहिन हैं! ओर
ये गिले तकिये रोज़ हि सवरे सुख जाते हैं!!
कांटों से लिपट कर हम सो गए ,
वो फूलों पर करवट बदलते रहे,
वो सोए रहे सुकून से मखमली बिस्तर पर
और हम चिराग की तरह जलते रहे,,
अरे वो तो कब का छोड़ चुके थे मेरा साथ बीच रस्ते में,
और एक हम थे कि वो मेरे साथ है ये सोच कर बस चलते रहे,,
मैं तो हर मोड़ पर साथ था उनके, बचाता रहा उन्हें हर ठोकरों से,
और एक वो है जो मुझे ठोकर मारा कर चले गए, और हम खुद ही गिरते रहे संभलते रहे,,
फिर भी मुझे कोई गिला नहीं, कोई शिकवा नहीं,
हो जाए अगर मुकम्मल इश्क तो फिर वो इश्क ही क्या, ओर इश्क का मजा ही क्या,
यारो इश्क का मजा तो तब है जब दर्द मिलते रहे और दिल जलते रहे, दर्द मिलते रहे और दिल जलते रहे।।
नितीश कुमार ✍️