mitti da koi mul nahi
har ik nu ede vich jaana
zindagi taa bas befazool ja safar hai
manzil taa siviyaa tak jaana
ਮਿੱਟੀ ਦਾ ਕੋਈ ਮੁੱਲ ਨਹੀਂ
ਹਰ ਇੱਕ ਨੂੰ ਇਦੇ ਵਿਚ ਜਾਣਾ
ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਤਾਂ ਵਸ ਬੈਫਿਜੁਲ ਜਾ ਸਫ਼ਰ ਹੈ
ਮੰਜ਼ਿਲ ਤਾਂ ਸਿਵੀਆ ਤੱਕ ਜਾਣਾ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷
mitti da koi mul nahi
har ik nu ede vich jaana
zindagi taa bas befazool ja safar hai
manzil taa siviyaa tak jaana
ਮਿੱਟੀ ਦਾ ਕੋਈ ਮੁੱਲ ਨਹੀਂ
ਹਰ ਇੱਕ ਨੂੰ ਇਦੇ ਵਿਚ ਜਾਣਾ
ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਤਾਂ ਵਸ ਬੈਫਿਜੁਲ ਜਾ ਸਫ਼ਰ ਹੈ
ਮੰਜ਼ਿਲ ਤਾਂ ਸਿਵੀਆ ਤੱਕ ਜਾਣਾ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷
Khudi ko kar buland itna ke har takdeer se pehle
Khuda bande se khud puche bata teri raza kya hai 💕🍂
ख़ुदी को कर बुलंद इतना कि हर तक़दीर से पहले
ख़ुदा बंदे से ख़ुद पूछे बता तेरी रज़ा क्या है 💕🍂
मुझे तालाश नहीं कोई मंजिल की
जब राहो में मेरे साथ हो तुम।
मुझे नहीं चाहिए दौलत सूरत
मेरी इक बस अरमान हो तुम।
बंजर पड़ी मेरी ज़िंदगी को
शोभन करे वो बरसात हो तुम।
मेरी कौफ सी काली रातो को
रोषण करे वो चांद हो तुम।
मेरा दिन बन जाता लबो पे आते
वो खुदा सुनहरा नाम हो तुम।
मेरी हर मुश्किल को चीर के आगे
वो धनुष से निकला बान हो तुम।
मेरी हर दर्द को दुर करे
मलहम सा लगा बाम हो तुम।
मुझे क्या जरूरत किसी ऑर सक्स की
जब हर लम्हों में साथ हो तुम।
मुझे तालाश नहीं कोई मंजिल की
जब रहो में मेरे साथ हो तुम।
जो तन को पल में सीतल कर दे
वो सुबह की पहली आजन हो तुम।
जो सह ले हर करवी बाते
वो मधुर मीठी मुस्कन हो तुम।
जो राहत से भितम गरमी से
वो पेरो की ठंडी छाओ हो तुम।
खोल दे आखे सही वक्त पे
वो शोर करती आलार्म हो तुम।
मुझे तालाश नहीं कोई मंजिल की
जब रहो में मेरे साथ हो तुम।।