कहाँ किस दर्ज़ा मुक़ाबिल हैं कमल उनके।
उनके बड़े हर्फ़ों के बराबर तो हम हर्फ़ तक नहीं रखते।
यहाँ तक है एहतराम ए मुहब्बत हमारा।
वो 5.4 फीट की हैं तो हम भी झुक के चलते हैं।❤️🙈
कहाँ किस दर्ज़ा मुक़ाबिल हैं कमल उनके।
उनके बड़े हर्फ़ों के बराबर तो हम हर्फ़ तक नहीं रखते।
यहाँ तक है एहतराम ए मुहब्बत हमारा।
वो 5.4 फीट की हैं तो हम भी झुक के चलते हैं।❤️🙈
Jo ohde gam ch jaag bitayian ne
Kon samjhe peerh ohna raatan di..!!
Ohde naal mohobbat kinni c
Ohne kadar hi na payi jazbatan di..!!
ਜੋ ਓਹਦੇ ਗ਼ਮ ‘ਚ ਜਾਗ ਬਿਤਾਈਆਂ ਨੇ
ਕੌਣ ਸਮਝੇ ਪੀੜ ਉਹਨਾਂ ਰਾਤਾਂ ਦੀ..!!
ਓਹਦੇ ਨਾਲ ਮੋਹੁੱਬਤ ਕਿੰਨੀ ਸੀ
ਓਹਨੇ ਕਦਰ ਹੀ ਨਾ ਪਾਈ ਜਜ਼ਬਾਤਾਂ ਦੀ..!!
बनकर अजनबी मिलों हो
इस ज़िंदगी के सफर में,
इन यादों को हम कभी मिटायेंगे नहीं,
अगर याद करना फितरत है तेरी,
तो ये वादा हैं मेरा,
हम भी आपको भुलायेंगे नहीं…