
Dila mereya utarde udeekan da bojh..!!
Kade sahwein na oh aawe meri akhiyan nu bhawein
Ohde aun de supne aayi jande ne roj..!!

हाथ थाम कर भी तेरा सहारा न मिला
में वो लहर हूँ जिसे किनारा न मिला
मिल गया मुझे जो कुछ भी चाहा मैंने
मिला नहीं तो सिर्फ साथ तुम्हारा न मिला
वैसे तो सितारों से भरा हुआ है आसमान मिला
मगर जो हम ढूंढ़ रहे थे वो सितारा न मिला
कुछ इस तरह से बदली पहर ज़िन्दगी की हमारी
फिर जिसको भी पुकारा वो दुबारा न मिला
एहसास तो हुआ उसे मगर देर बहुत हो गयी
उसने जब ढूँढा तो निशान भी हमारा न मिला
तरुण चौधरी
🙋🙋
Tk_13__ में बैठता नही हूं रात में बाहर,,
बरना ये आसमान ये हवा ये चांद सितारे,
टूटते तारे ,, मुझे नहीं लगते उस के सामने प्यारे
अब तुम क्या जानो में
केसे जी रहा हु और किस के सहारे,, 🙅🙅
🎭🖇️🌍😊