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Pathr dil nikkleh |punjabi poetry|

Roooh deh naal layiya c jo yaariyan

Aaj kyu  behwafa nikkle

Enna dard deh keh kyuu ਪ੍ਰਾਂ nikkleh

soch da hai dil klleya beh keh enneh kyu

Sajjan beyimaan nikkleh

Dil te pathr rakh seh reha onna di judaayi

Per ooh enneh kyuu pathr dil nikkleh

Pulleh pulleh lggn lgg Pye,

ooh log!

Jo jassal di majburia da fayeda chknn lgg pye

Title: Pathr dil nikkleh |punjabi poetry|

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


Falsale zindagi ke || Romantic Hindi Shayari

Hello reader, Today I am going to share you the best collection of Romantic Hindi Shayari which you will definitely going to love and share with your boyfriend, girlfriend or anyone who you love the most.

फलसफे ज़िन्दगी के है पेचीदा इतने की
चलने से पहले मेरी राहें बिखर जाती है
हज़ार ज़ख्मो के बाद अब ये आलम है
इश्क़ के नाम से ही मेरी रूह सिहर जाती है!

 


वो बेहिसाब जो पी के कल शराब आया
अगरचे मस्त था मैं पर मुझे हिजाब आया
इधर ख्याल मेरे दिल में ज़ुल्फ़ का गुज़रा
उधर वो खता हुआ दिल में पेच-औ-तब आया
ख्याल किस का समय है दीदा-औ-दिल में
न दिल को चैन मुझे और न शब् को ख्वाब आया!

 


खो गयी शाम किसी के इंतज़ार में,
ढल गयी रात किसी के इंतज़ार में,
फिर हुआ सवेरा किसी के इंतज़ार में,
इंतज़ार की आदत हो गयी किसी के इंतज़ार में..

sad hindi shayari kuchh matlab ke liye
कुछ मतलब के लिए ढूँढ़ते हे मुजको
बिन मतलब जो आए तो क्या बात हे
कतल कर के तो सब ले जाएँगे दिल मेरा
कोई बातों से ले जाये तो क्या बात हे!
 
sad hindi shayari image
फलसफे ज़िन्दगी के है पेचीदा इतने की
चलने से पहले मेरी राहें बिखर जाती है
हज़ार ज़ख्मो के बाद अब ये आलम है
इश्क़ के नाम से ही मेरी रूह सिहर जाती है!

image credit: lovesadshayar.in





Kadhi dhoop me || किसान कविता

कड़ी धूप हो या हो शीतकाल,
हल चलाकर न होता बेहाल.
रिमझिम करता होगा सवेरा,
इसी आस में न रोकता चाल.
खेती बाड़ी में जुटाता ईमान,
महान पुरूष हैं, है वो किसान.

छोटे-छोटे से बीज बोता,
वही एक बड़ा खेत होता.
जिसकी दरकार होती उसे,
बोकर उसे वह तभी सोता.
खेतो का कण-कण हैं जिसकी जान,
महान पुरूष है, है वो किसान.

                तरुण चौधरी

Title: Kadhi dhoop me || किसान कविता