वफ़ा की बाते तुम क्यू किया करती थीं
जूठे वादे तुम क्यू निभाया करती थीं
अब तो सजा – ए – जख्म इतने मिल रहे है मुर्सद
की अब तो दिल भी कह रहा है वो मोहब्ब्त ही तुमसे क्यू किया करती थी ।।
Enjoy Every Movement of life!
वफ़ा की बाते तुम क्यू किया करती थीं
जूठे वादे तुम क्यू निभाया करती थीं
अब तो सजा – ए – जख्म इतने मिल रहे है मुर्सद
की अब तो दिल भी कह रहा है वो मोहब्ब्त ही तुमसे क्यू किया करती थी ।।
Man ch tufaan,
mooh te chup
Akhaan ch nami,
dil vich dukh||
👉🏻ਮਨ ‘ਚ ਤੂਫਾਨ,
ਮੂਹ ਤੇ ਚੁੱਪ,
ਆੱਖਾਂ ‘ਚ ਨਮੀ,
ਦਿਲ ਵਿੱਚ ਦੂਖ।।
*Ritika*👈🏻
