
mere gaaneya di reel
ve tu chakki firda
oye assi hi sikhaya tenu
teer chhadna
putt saanu hi nishaane utte rakhi firda

है वो मेरी मोहब्बत की रूह, इसलिए पास मेरे वो रहती है..
मुझे पागल समझेगी ये दुनिया, तभी वो कुछ ना कहती है..
सुबह उठे साथ में वो मेरे, शाम आंखों के साथ वो ढलती है..
वो जी ना सकी जो साथ मेरे, तो मरके साथ में चलती है..
राहें तो बदल गयीं उसकी मगर, राहौं से मुडी वो रहती है..
मेरी रूह से जुडना है हक उसका, तभी साथ जुडी वो रहती है..
हर खुशी बांटती है मेरी, हर गम मेरे संग सहती है..
मुझे वो लगती है अपनी, और मुझे वो अपना कहती है….
tere hon da mainu koi frak nai
teri yaad hi is shayar
di awwaaz hai
ਤੇਰੇ ਹੋਣ ਦਾ ਮੈਨੂੰ ਕੋਈ ਫ਼ਰਕ ਨਹੀਂ
ਤੇਰੀ ਯਾਦ ਹੀ ਇਸ ਸ਼ਾਇਰ
ਦੀ ਆਵਾਜ਼ ਹੈ