Pyar Kari umeed Na kri,
Pyar badle jisam di kharid na kari..
ਪਿਆਰ ਕਰੀ ਉਮੀਦ ਨਾ ਕਰੀ,
ਪਿਆਰ ਬਦਲੇ ਜਿਸਮ ਦੀ ਖਰੀਦ ਨਾ ਕਰੀ।।
Pyar Kari umeed Na kri,
Pyar badle jisam di kharid na kari..
ਪਿਆਰ ਕਰੀ ਉਮੀਦ ਨਾ ਕਰੀ,
ਪਿਆਰ ਬਦਲੇ ਜਿਸਮ ਦੀ ਖਰੀਦ ਨਾ ਕਰੀ।।
Kya hua jo abb tu mere saath nahi hai,
Ab pehle jaisa din aur raat nahi hai
is baat ka malaal nahi hai mujhe, malaal to yeh hai
ki abb jeene me woh bachpan wali baat nahi hai
क्या हुआ जो अब तु मेरे साथ नहीं है,
अब पहले जैसा दिन और रात नहीं है,
इस बात का मलाल नहीं है मुझे, मलाल तो ये है,
की अब जीने में वो बचपन वाली बात नहीं है।
– विक्रम
शाम बीती और रात हुई, गमों की फिर बरसात हुई..
तुझे भुलने को फिर से जाम पिया, गलती फिर मेरे हाथ हुई..
फिर से बहक गए लफ्ज मेरे, लफ्जों पे फिर से दात हुई..
दिलजले थे वहां कई मुझ जैसे, उनकी भी इश्क में मात हुई..
वही एक तरह का हर किस्सा, इश्क की भी भला कोई जात हुई..
हर कहानी ख़ुशी से शुरू हुई, ख़तम आंसुओं के साथ हुई..
महफिल को छोड़ चले घर की ओर, तन्हाई से फिर मुलाकात हुई..
तेरी याद बढ़ गई हर जाम के साथ, भला ये भी कोई बात हुई..