आसान होगा शायद तुम्हारे लिए ये कहना,
प्यार की डोर में तुम्हें नहीं है बंधना,
हाल दरें हाल बेहाल इस दिल का हो रहा,
जो एक मुलाकात में तुम्हें अपना कह रहा ||
आसान होगा शायद तुम्हारे लिए ये कहना,
प्यार की डोर में तुम्हें नहीं है बंधना,
हाल दरें हाल बेहाल इस दिल का हो रहा,
जो एक मुलाकात में तुम्हें अपना कह रहा ||

Jiwe landi rahi hwa suke pateyaan chon
naina cho ho ke supne unjh langde rahe
ik mileyaa na pyar tera
jo hameshan asin mangde rahe
“तन्हाई में भी बहुत सी अच्छाई है I
बिना बात हसाती है, रुलाती है I
बड़े -बड़े ख्याब दिखलाती है I
क्योंकि, तन्हाई में भी है बहुत सी अच्छाई I
अपने आप से मिलबाती है I
ज़िंदगी जीने का तरीका सिखलाती है I
आपनो की याद दिलाती है I
बातें जो दफ़न हो गई है यादों की कब्र में उस से मिलबाती है I
क्योंकि, तन्हाई में भी बहुत सी अच्छाई है I
ख्यालों के मजधार में डुबोती है I
खुद पर भरोसा करना सिखलाती है I
क्योकि तन्हाई में भी बहुत सी अच्छाई है I”