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Rabb di thaa sajjna || punjabi love shayari

Kade asi lakha vicho ik si
hun kakhaa vich haa sajjna
par jinna chir ne saah mere chalde
tainu rakhaange rabb di thaa te sajjna

ਕਦੇ ਅਸੀ ਲੱਖਾਂ ਵਿੱਚੋਂ ਇੱਕ ਸੀ
ਹੁਣ ਕੱਖਾਂ ਵਿੱਚ ਹਾਂ ਸੱਜਣਾ

ਪਰ ਜਿੰਨਾਂ ਚਿਰ ਨੇ ਸਾਹ ਮੇਰੇ ਚੱਲਦੇ
ਤੈਨੂੰ ਰੱਖਾਗੇ ਰੱਬ ਦੀ ਥਾਂ ਤੇ ਸੱਜਣਾ

  

Title: Rabb di thaa sajjna || punjabi love shayari

Tags:

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


पेड़ों के महत्व पर कविता || Hindi poetry

अंकुर मिट्टी में सोया था सपने मै खोया था
नन्हा बीज हवा ने लाकर एक जगह बोया था।

तभी बीज ने ली अंगड़ाई देह जरा सी पाई
आंख खोलकर बाहर आया, दुनिया पड़ी दिखाई

खाद्य मिली पानी भी पाया ऐसे जीवन आया
ऊपर बड़ा इधर, धरती में नीचे उधर समाया।

तने डालिया पत्ते आए और फल मुस्कराए
नन्हा बीज वृक्ष बनकर धरती पर लहराए।

जीता मरता रोगी होता दुख आने पर सोता
वृक्ष सांस लेता बढ़ता है जगता है फिर सोता।

रोज शाम को चिड़िया आती सारी रात बिताती
बड़े सवेरे जाग वृक्ष, पर ची ची ची ची गाती।

छाया आती बड़ी सुआती सब टोली झूट जाती
तरह तरह के खेल वर्क्ष के नीचे बैठ रचती।

Title: पेड़ों के महत्व पर कविता || Hindi poetry


Mohobat dhoop me || अंधेरा

मोहब्बत धूप में छाँव की तरह है
धूप जमाने की तरह
तुम छाँव में रुकना मत यही छाँव ठण्ड में तुम्हें सतायेगी
ठण्ड समझदार की तरह
ये ठण्ड तुम्हें धूप की ओर ले जाएगी
धूप तुम्हे अंधेरे में छोड़ जाएगी

अंधेरे दो तरह की है

पहले में मां बाप साथ है दूसरे में उनकी याद
इसीलिये तो मां बाप अंधेरो में जीना सिखाते है

ताकी जब दूसरा अंधेरा आए तो तुम कहो
अंधेरो आओ अब हम तुम्हें रास्ता दिखाते है

Title: Mohobat dhoop me || अंधेरा